लाइव, इमरान ख़ान के समर्थन में उतरे ऑस्ट्रेलियाई क्रिकेट कप्तान पेट कमिंस, बोले- उम्मीद है मेडिकल जांच पूरी होगी

इमरान ख़ान के स्वास्थ्य को लेकर आवाज़ उठाने वाले क्रिकेट जगत के दिग्गजों में ऑस्ट्रेलिया के टेस्ट और वनडे क्रिकेट कप्तान पेट कमिंस का नाम भी शामिल हो गया है.

सारांश

लाइव कवरेज

अरशद मिसाल, संदीप राय

  1. इमरान ख़ान के समर्थन में उतरे ऑस्ट्रेलियाई क्रिकेट कप्तान पेट कमिंस, बोले- उम्मीद है मेडिकल जांच पूरी होगी

    पेट कमिंस

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    इमेज कैप्शन, ऑस्ट्रेलिया के क्रिकेट कप्तान पेट कमिंस ने पूर्व क्रिकेटर और पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री इमरान ख़ान की सेहत को लेकर चिंता जताई है

    पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री इमरान ख़ान के स्वास्थ्य को लेकर आवाज़ उठाने वाले क्रिकेट जगत के दिग्गजों में ऑस्ट्रेलिया के टेस्ट और वनडे क्रिकेट कप्तान पेट कमिंस का नाम भी शामिल हो गया है.

    शुक्रवार को पेट कमिंस ने अपने एक्स हैंडल पर ऑस्ट्रेलिया क्रिकेट के पूर्व कप्तान ग्रेग चैपल का एक वीडियो साझा करते हुए लिखा, “मैं यहां जीसी (ग्रेग चैपल) और अन्य पूर्व अंतरराष्ट्रीय कप्तानों के समर्थन में अपनी बात जोड़ना चाहता हूं. मुझे उम्मीद है कि अदालत के आदेश पर होने वाली मेडिकल जांच को पूरा होने दिया जाएगा और परिवार से मुलाकातें जारी रहेंगी.”

    उन्होंने कहा, “मुझे उम्मीद है कि इमरान ख़ान के साथ उसी सम्मान के साथ व्यवहार किया जाएगा, जिसका हक़दार हर व्यक्ति है.”

    बीते बुधवार को ग्रेग चैपल ने एक पॉडकास्ट में इमरान ख़ान के स्वास्थ्य को लेकर चिंता जताई थी.

    इसमें उन्होंने कहा था, “वह (इमरान ख़ान) बीते तीन सालों से अकेले हैं और मैं नहीं जानता कि कोई इस तरह के अकेलेपन से कैसे निपट सकता है. जिनके भी ख़िलाफ़ उन्होंने क्रिकेट खेला वो सभी जानते हैं कि वह शारीरिक और मानसिक रूप से कितने स्ट्रांग हैं. लेकिन ये पता नहीं है कि बीते तीन सालों से पूरी तरह से एकाकीपन को वो कैसे झेल रहे होंगे.”

    ग्रेग चैपल ने कहा, “यह कोई राजनीतिक बात नहीं है, यह मानवाधिकार का मुद्दा है. किसी को भी इस तरह से एकाकीपन में नहीं रखा जाना चाहिए.”

    दरअसल इसी हफ़्ते क्रिकेट जगत के 22 पूर्व कप्तानों ने पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज़ शरीफ़ को एक पत्र लिखा था और इमरान ख़ान को उचित स्वास्थ्य सुविधा उपलब्ध कराने की मांग की थी.

    क्रिक इन्फ़ो के मुताबिक़, "इस पत्र में भारत, ऑस्ट्रेलिया, इंग्लैंड, वेस्टइंडीज़ और न्यूज़ीलैंड के पूर्व कप्तान शामिल थे. यह पूर्व 14 कप्तानों की ओर से फ़रवरी में लिखे गए पिछले पत्र के बाद भेजा गया था. उस पत्र का पाकिस्तान सरकार की ओर से कोई जवाब नहीं मिला था."

  2. चीन की ओर कितने भारतीय फंसे हैं, विदेश मंत्रालय ने बताया

    रणधीर जायसवाल

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    इमेज कैप्शन, भारत के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने शुक्रवार को प्रेस ब्रीफ़िंग में ताज़ा अपडेट दिए हैं

    बुधवार को तिब्बत-नेपाल में आए भीषण बाढ़ और भूस्खलन के बाद कई भारतीय चीन में फंस गए थे, जिसके बारे में भारत सरकार ने जानकारी साझा की है.

    शुक्रवार को एक प्रेस ब्रीफ़िंग में विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने कहा, "हमें पता चला है कि चीन की तरफ फंसे 96 भारतीय नागरिक सुरक्षित रूप से ज़मीन के रास्ते नेपाल पहुंच गए हैं. उन्हें वहां से निकालने के प्रयास जारी हैं."

    उन्होंने कहा, "चीन की तरफ़ 400 भारतीय नागरिक हैं. वे सुरक्षित हैं. उन्होंने अपने परिवारों से संपर्क किया है, क्योंकि मुझे बताया गया है कि उस तरफ़ फ़ोन काम कर रहे हैं. हमारा दूतावास उनमें से कई लोगों, खासकर उनके टीम लीडरों और ट्रैवल एजेंट के संपर्क में है."

    प्रवक्ता ने ये भी बताया कि तमिलनाडु के 21 लोगों को शुक्रवार को इंडिगो की उड़ान से दिल्ली सुरक्षित लाया गया है. काठमांडू में इन लोगों ने भारत के राजदूत से मुलाक़ात की थी.

    उन्होंने बताया कि त्रिशूली-1 जलविद्युत परियोजना में काम कर रहे 63 भारतीय नागरिकों को गुरुवार को बचा लिया गया है.

    रणधीर जायसवाल ने लापता लोगों के बारे में कहा, "जहां तक उन लोगों की संख्या का सवाल है, जिनसे हम संपर्क नहीं कर पा रहे हैं या जो लापता हैं, इस समय यह संख्या 320 है."

    उन्होंने साथ ही संख्या को लेकर सावधानी बरतने की भी बात कही क्योंकि स्थिति लगातार बदलने की वजह से आंकड़े बढ़ते-घटते रहते हैं.

    उन्होंने ये भी बताया, "भारतीय मूल के ऐसे क़रीब 100 लोग हैं जो किसी अन्य देश की नागरिकता वाले हो सकते हैं और कैलाश मानसरोवर यात्रा के लिए गए हों."

    रणधीर जायसवाल ने कहा, "यहां विदेश मंत्रालय का नियंत्रण कक्ष चौबीसों घंटे काम कर रहा है. इसी तरह काठमांडू में हमारे दूतावास और बीजिंग में हमारे दूतावास के नियंत्रण कक्ष भी लगातार काम कर रहे हैं."

  3. नेपाल बाढ़ की त्रासदी को लेकर कांग्रेस सांसद शशि थरूर ने क्यों मांगी माफ़ी

    शशि थरूर और नेपाल के वित्त मंत्री स्वर्णिम वागले

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    इमेज कैप्शन, शशि थरूर ने नेपाल के वित्त मंत्री स्वर्णिम वागले से मुलाक़ात की तस्वीर शुक्रवार को अपने एक्स अकाउंट पर शेयर की थी

    नेपाल में विनाशकारी बाढ़ को लेकर पहले की गई अपनी टिप्पणी पर कांग्रेस के सांसद शशि थरूर ने शुक्रवार को माफ़ी मांगी है.

    शशि थरूर ने एक्स पर लिखा, "मेरे नेपाल से किए गए पहले ट्वीट में 'ड्रामा' शब्द के इस्तेमाल को लेकर नाराज़गी जताने वाले सभी लोगों के लिए, इस शब्द का मतलब सिर्फ़ नाटकीय स्थिति नहीं होता. इसकी एक परिभाषा 'ऐसी स्थिति या घटनाओं की श्रृंखला भी है, जिसमें बहुत शक्तिशाली ताक़तें टकराती हैं.”

    हालांकि “मैंने इसे इसी अर्थ में इस्तेमाल किया था. हालांकि, मुझे ऐसे शब्द के चुनाव पर अफ़सोस है, जिसका इतनी आसानी से गलत अर्थ निकाला जा सकता है."

    विनाशकारी बाढ़ आने से एक दिन पहले शशि थरूर काठमांडू के लिए रवाना हुए थे.

    बुधवार को उन्होंने एक्स पर रसुवागढ़ी बॉर्डर पर हुई तबाही का एक वीडियो साझा किया और लिखा, “कल काठमांडू में मौजूद लोग उस ड्रामा से पूरी तरह अनजान थे, जो पहाड़ी इलाकों में हुई थीं और जिनसे भारी तबाही हुई. उत्तरी नेपाल के रसुवा ज़िले में तिब्बत सीमा के पास अचानक आई भीषण बाढ़ ने भोटेकोशी और त्रिशूली नदियों ने बड़े पैमाने पर तबाही मचाई.”

    बुधवार की भीषण बाढ़ के कारण नेपाल में अब तक 547 लोगों की मौत की पुष्टि हुई है जबकि 977 लोग अभी भी लापता हैं, जिनमें आधे से अधिक विदेशी नागरिक हैं.

    जबकि चीन की सरकारी मीडिया ने कहा है कि 558 लोग लापता हैं और पांच लोगों की मौत हुई है.

  4. नेपाल बाढ़ः मरने वालों की संख्या 547 हुई, लापता लोगों में आधे से ज़्यादा विदेशी नागरिक

    नेपाल के देवीघाट में बाढ़ के कारण भारी विनाश

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    इमेज कैप्शन, नेपाल के देवीघाट में बाढ़ के बाद भारी तबाही की तस्वीरें आ रही हैं

    नेपाल के नेशनल डिज़ास्टर रिस्क रिडक्शन एंड मैनेजमेंट अथॉरिटी (एनडीआरआरएमए) ने कहा है कि बचाव और राहत अभियान जारी रहने के बीच अब तक 538 शव बरामद किए जा चुके हैं.

    वहीं नेपाल पुलिस ने 547 लोगों की मौत की पुष्टि की है. इसके अलावा 1473 लोगों के घायल होने की बात कही है.

    एनडीआरआरएमए के मुताबिक़, 977 लोग अब भी लापता हैं, जिनमें 517 विदेशी नागरिक शामिल हैं.

    दरअसल दोनों एजेंसियां बचाव अभियान के आगे बढ़ने के साथ अलग-अलग अपडेट जारी कर रही हैं.

    नेपाल पुलिस ने कहा है कि उसके 4,473 कर्मी राहत और बचाव कार्य में लगे हुए हैं.

    नेपाल टूरिज़्म बोर्ड ने कहा है कि विनाशकारी बाढ़ के बाद कम से कम 121 विदेशी नागरिकों को बचाया गया है.

    बोर्ड के मुताबिक़, बचाए गए लोगों में 85 भारतीय नागरिक, 16 चीनी नागरिक और नौ दक्षिण कोरियाई नागरिक शामिल हैं. तीन लोगों की राष्ट्रीयता की पुष्टि नहीं हो पाई है.

  5. बाढ़ को लेकर चीन के राष्ट्रपति ने इमर्जेंसी मीटिंग की, नेपाल में मदद को लेकर हुआ फ़ैसला

    शी जिनपिंग

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    इमेज कैप्शन, चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग ने बाढ़ के हालात को लेकर एक इमर्जेंसी मीटिंग की है

    चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग ने तिब्बत और नेपाल में आई जानलेवा बाढ़ के बाद बचाव अभियान के तालमेल के लिए अधिकारियों के साथ आपात बैठक की.

    चीन की सरकारी समाचार एजेंसी शिन्हुआ के मुताबिक़, बैठक में राहत और बचाव कार्यों पर चर्चा की गई.

    रिपोर्टों के मुताबिक़, अधिकारियों ने फ़ैसला किया कि खोज और बचाव अभियान को 'वैज्ञानिक तरीके से तैयार किया जाना चाहिए, ताकि लापता चीनी और विदेशी नागरिकों को खोजने में कोई कसर न छोड़ी जाए.'

    शिन्हुआ के मुताबिक़, बैठक में कहा गया कि नेपाल के प्रभावित इलाकों में 'मदद पहुंचाई जानी चाहिए' और 'अंतरराष्ट्रीय बचाव में सहयोग किया जाना चाहिए.'

    एजेंसी ने बताया कि चीन 'नेपाल के आपदा प्रभावित इलाके में आपातकालीन सहायता पहुंचाएगा.'

  6. अभिषेक बनर्जी और डेरेक ओ'ब्रायन समेत टीएमसी के कई नेताओं पर एफ़आईआर दर्ज

    अभिषेक बनर्जी और डेरेक ओ'ब्रायन

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    इमेज कैप्शन, अवैध होर्डिंग हटाने के दौरान विवाद और पुलिस को रोकने के कारण दर्ज हुआ मुक़दमा

    कोलकाता पुलिस ने टीएमसी नेता डेरेक ओ'ब्रायन, अभिषेक बनर्जी समेत कई लोगों के ख़िलाफ़ एफ़आईआर दर्ज की है.

    मामला कोलकाता के कैमक स्ट्रीट स्थित 9 नंबर परिसर में कथित तौर पर अवैध होर्डिंग हटाने के दौरान हुए विवाद से जुड़ा है.

    पुलिस के मुताबिक, 27 अगस्त को कोलकाता नगर निगम के अधिकारियों के साथ पुलिस की टीम मौके पर पहुंची थी. नगर निगम ने अवैध होर्डिंग हटाने के लिए पुलिस से सुरक्षा मांगी थी.

    पुलिस का आरोप है कि डेरेक ओ'ब्रायन, अभिषेक बनर्जी, हुमायूं कबीर, बैसणोर चट्टोपाध्याय और अन्य लोगों ने अपने समर्थकों के साथ मिलकर कथित तौर पर गै़रक़ानूनी तरीक़े से भीड़ जुटाई और पुलिसकर्मियों और केएमसी अधिकारियों को उनके काम से रोकने की कोशिश की.

    इस मामले में शेक्सपियर सारणी पुलिस स्टेशन में बीएनएस की धारा 191(2), 191(3), 190, 121(1), 74, 3(5) और 351(2) के तहत केस दर्ज किया गया है.

    पुलिस ने यह कार्रवाई कथित तौर पर सरकारी काम में बाधा डालने और पुलिसकर्मियों के साथ मारपीट या बदसलूकी के आरोपों के संबंध में की है.

    उधर, टीएमसी सांसद डेरेक ओ'ब्रायन ने पुलिस अधिकारियों पर धक्का मुक्की करने के आरोप लगाए.

    दरअसल, गुरुवार शाम को टीएमसी कार्यालय में अफरा-तफरी का माहौल देखने को मिला था. भारी भीड़ में पार्टी सांसद डेरेक ओ'ब्रायन सीढ़ियों पर गिरते हुए नज़र आए.

    मीडिया को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा था, "साढ़े तीन बजे कोलकाता नगर निगम अवैध नोटिस लेकर आया, जिसे कोलकाता पुलिस का समर्थन हासिल था. नोटिस पर हस्ताक्षर नहीं थे. नोटिस में कहा गया था कि एक तस्वीर संलग्न है, लेकिन कोई तस्वीर नहीं थी. नोटिस में कोई विवरण भी नहीं था... डेढ़ घंटे से ज़्यादा समय तक हमने उन्हें समझाने की कोशिश की. इसके बाद वे अवैध तरीक़े से इमारत में घुस गए. 150 से ज़्यादा पुलिस अधिकारी वहां अंदर चले गए. उन्होंने सीढ़ियों पर हमें धक्का दिया और हमारे साथ धक्का-मुक्की की."

  7. चीन के सरकारी मीडिया ने कहा- तिब्बत में 558 लोग लापता, झील के टूटने का 'हाई रिस्क'

    राहत और बचाव कार्य

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    इमेज कैप्शन, कृत्रिम झील के एक हिस्से के टूटने का हाई अलर्ट जारी किया गया है

    बीते बुधवार को आई बाढ़ के कारण तिब्बत में पांच लोगों की मौत हो गई है. चीन के सरकारी मीडिया के मुताबिक़, 558 लोग अभी भी लापता हैं.

    बीबीसी नेपाली के अनुसार, चीन नेतिब्बत में लापता 558 लोगों की जानकारी सार्वजनिक कर दी है.

    उधर, चीन ने चेतावनी दी है कि हाल में हुए भूस्खलन के बाद बनी एक झील के टूटने का जोखिम बहुत ज़्यादा है. इससे नीचे की ओर एक और बाढ़ आ सकती है.

    सरकारी प्रसारक सीसीटीवी के मुताबिक़, शुक्रवार तक नेपाल-तिब्बत सीमा के पास बनी इस बैरियर झील में अनुमानित 25 लाख घन मीटर पानी जमा हो चुका था.

    बैरियर झील उस जलाशय को कहा जाता है, जो मलबे के कारण नदी का रास्ता रुकने से बनता है.

    चीन के जल संसाधन मंत्रालय के मुताबिक़, छोछेन खोला और पुरेपु त्सांगपो नदियों के संगम पर बनी यह झील गुरुवार को उफान लेने लगी थी.

    अधिकारियों का कहना है कि गुरुवार से सप्ताहांत के बीच करीब 30 लाख घन मीटर पानी झील में आने की आशंका है. इससे झील का किनारा टूटने का 'हाई रिस्क' है.

  8. अब मुझे यानी बीबीसी संवाददाता अरशद मिसाल को इजाज़त दीजिए. अब से रात दस बजे तक बीबीसी संवाददाता संदीप राय आप तक अहम ख़बरें पहुंचाएंगे.

    बीबीसी हिन्दी के पेज पर मौजूद कुछ बड़ी ख़बरों को पढ़ने के लिए नीचे दिए हुए लिंक्स पर क्लिक करें.

  9. नेपाल में फ़्लैश फ़्लड से 489 लोगों की मौत, रासुवा और नुवाकोट सबसे ज़्यादा प्रभावित

    नेपाल फ़्लैश फ़्लड

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    इमेज कैप्शन, पुलिस के मुताबिक सबसे ज़्यादा शव चितवन ज़िले में मिल हैं

    नेपाल पुलिस के मुताबिक, बुधवार को आई भीषण बाढ़ में अब तक 489 लोगों की मौत हो चुकी है.

    पुलिस ने बताया कि बाढ़ से सबसे ज़्यादा प्रभावित रासुवा और नुवाकोट ज़िलों से शव बरामद किए गए हैं. हालांकि, बड़ी संख्या में शव चितवन ज़िले में मिले हैं.

    चितवन से होकर त्रिशूली नदी गुज़रती है, जो आगे जाकर सेती गंडकी नदी में मिलती है. बाढ़ के तेज़ बहाव के चलते शव बहकर चितवन तक पहुंचने की आशंका है.

    नेपाल में फ़्लैश फ़्लड और भूस्खलन के बाद राहत और बचाव अभियान लगातार जारी है. कई इलाक़ों में भारी तबाही के कारण बचाव टीमों को प्रभावित क्षेत्रों तक पहुंचने में मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है.

  10. नेपाल में लापता विदेशी नागरिकों की सूची जारी, इनमें 178 भारतीय

    ग्लेशियल झील

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    इमेज कैप्शन, बुधावार को तिब्बत में ग्लेशियल झील के फटने के बाद नेपाल के नुवाकोट में बाढ़ से क्षतिग्रस्त हाईवे

    नेपाल सरकार ने बुधवार को आई भीषण बाढ़ के बाद अब तक लापता विदेशी नागरिकों की सूची जारी की है. इस आपदा में 489 लोगों की मौत की पुष्टि हो चुकी है.

    सरकार की ओर से जारी सूची में 537 विदेशी नागरिकों के नाम, जन्मतिथि और उनकी राष्ट्रीयता दी गई है. ये सभी लोग बाढ़ आने के बाद से संपर्क में नहीं हैं.

    लापता लोगों में सबसे ज्यादा 178 भारतीय नागरिक शामिल हैं. इसके अलावा 65 अमेरिकी, 53 यूक्रेनी, 51 मलेशियाई, 33 ऑस्ट्रेलियाई और 33 ब्रिटिश नागरिक भी सूची में शामिल हैं.

    नेपाल में बुधवार को आई फ्लैश फ्लड और भूस्खलन ने बड़े पैमाने पर तबाही मचाई है. कई इलाक़ों में सड़कें और पुल बह गए हैं, जिससे राहत और बचाव अभियान प्रभावित हुआ है.

    अधिकारियों की ओर से लापता लोगों की तलाश जारी है और प्रभावित इलाकों में फंसे लोगों को सुरक्षित निकालने के लिए सेना और हेलिकॉप्टरों की मदद ली जा रही है.

  11. नेपाल फ़्लैश फ़्लड: बचाव अभियान पर क्या बोले नेपाल के विपक्षी नेता

    भीष्म राज आंगदेम्बे

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    इमेज कैप्शन, नेपाली संसद के प्रतिनिधि सभा में विपक्ष के नेता भीष्म राज आंगदेम्बे

    नेपाल में बाढ़ के बाद बने गंभीर हालात के बीच प्रतिनिधि सभा में विपक्ष के नेता भीष्म राज आंगदेम्बे ने कहा कि इलाक़े की भौगोलिक स्थिति और ख़राब मौसम राहत और बचाव अभियान के लिए बड़ी चुनौती बने हुए हैं.

    उन्होंने न्यूज़ एजेंसी एएनआई से बात करते हुए कहा, "इन चुनौतियों के बावजूद सेना और सभी हेलिकॉप्टर टीमें पूरी तरह अभियान में जुटी हुई हैं."

    उन्होंने कहा कि ऊपर की तरफ हालात को देखते हुए प्रशासन तुरंत ज़रूरी कदम उठा रहा है. संघीय, प्रांतीय और स्थानीय सरकारें मिलकर राहत और बचाव का काम कर रही हैं.

    आंगदेम्बे के मुताबिक, अभियान में सेना के दो हेलिकॉप्टरों के अलावा प्राइवेट हेलिकॉप्टर भी लगाए गए हैं.

    उन्होंने कहा कि उपलब्ध सभी संसाधनों का इस्तेमाल किया जा रहा है.

    उन्होंने लोगों को हालात की जानकारी लगातार दिए जाने की बात कही.

  12. नेपाल में बाढ़ से मरने वालों की संख्या बढ़कर 475 हुई

    बचावकार्य

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    इमेज कैप्शन, नेपाल पुलिस ने यह भी बताया कि बचाव और तलाशी अभियान जारी हैं

    नेपाल पुलिस का कहना है कि शुक्रवार को स्थानीय समय के अनुसार सुबह 9 बजे तक, रसुवा ज़िले में बुधवार को आई बाढ़ की वजह से 475 लोगों की मौत हो चुकी है.

    पुलिस ने यह भी बताया कि बचाव और तलाशी अभियान जारी हैं, साथ ही प्रभावित इलाकों में "रास्ते से मलबा हटाने" की कोशिशें भी चल रही हैं.

    नेपाल की सेना का कहना है कि उसने बाढ़ से सबसे ज़्यादा प्रभावित इलाकों से 900 लोगों को बचाया है. सबसे प्रभावित इलाक़ों में रसुवा और नुवाकोट ज़िले शामिल हैं.

    बचाए गए लोगों में 92 भारतीय समेत 119 विदेशी नागरिक शामिल हैं.

  13. फ्लैश फ्लड: तिब्बत में बचाव अभियान क्यों रोका गया, अब किस बात का डर?, लौरा बिकर, बीबीसी संवाददाता

    तिब्बत

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    इमेज कैप्शन, चीनी सरकारी मीडिया की रिपोर्टों के मुताबिक, इलाक़े में मौजूद बचाव दलों को फिलहाल अपना अभियान रोकने के निर्देश दिए गए हैं

    तिब्बत में चीनी अधिकारियों ने राहत और बचाव अभियान फ़िलहाल रोक दिया है. अधिकारियों को डर है कि भूस्खलन के बाद मलबे के बीच बनी झील के पानी का स्तर बढ़ने से आने वाले दिनों में फिर से बाढ़ आ सकती है.

    अधिकारी नेपाल और तिब्बत के बीच स्थित ग्यिरोंग पोर्ट के ऊपर की तरफ पानी के बढ़ते स्तर पर लगातार नज़र रख रहे हैं. बुधवार को हुए भूस्खलन के दौरान कीचड़ और पानी के तेज़ बहाव ने इस सीमा क्षेत्र को बुरी तरह प्रभावित किया था.

    कई घंटों से हो रही भारी बारिश के बाद मलबे के बीच बनी झील का पानी लगातार बढ़ रहा है. अधिकारियों को आशंका है कि अगर झील का पानी किनारों से बाहर निकल गया, तो आने वाले दिनों में नीचे के इलाकों में फिर भारी बाढ़ आ सकती है.

    चीनी सरकारी मीडिया की रिपोर्टों के मुताबिक, इलाक़े में मौजूद बचाव दलों को फिलहाल अपना अभियान रोकने के निर्देश दिए गए हैं.

    रिपोर्टों के मुताबिक, सीमा के तिब्बत वाले हिस्से में 550 से ज़्यादा लोग लापता बताए जा रहे हैं. इनमें करीब 260 विदेशी नागरिक शामिल हैं. लापता लोगों में वे श्रद्धालु भी शामिल हैं, जो तिब्बत के पवित्र माउंट कैलाश की यात्रा पर जा रहे थे.

    झील से बढ़ते ख़तरे की वजह से अब राहत और बचाव टीमों के सामने दोहरी चुनौती है. एक तरफ लापता लोगों की तलाश और दूसरी तरफ संभावित नई बाढ़ से लोगों को सुरक्षित रखना.

  14. कौन हैं श्रीलंकाई क्रिकेटर सोनल दिनुषा, जिनकी भारत में भी जमकर हो रही तारीफ़

    सोनल दिनुषा

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    इमेज कैप्शन, भारत और श्रीलंका के बीच खेले गए दूसरे मैच में श्रीलंकाई बल्लेबाज़ सोनल दिनुषा ने दोनों पारियों में कुल 236 रन बनाए.

    कोलंबो में भारत और श्रीलंका के बीच खेला गया दूसरा टेस्ट रोमांचक मुकाबले के बाद ड्रॉ हो गया. श्रीलंकाई बल्लेबाज़ सोनल दिनुषा की शानदार बैटिंग के बाद भारत में भी उनकी जमकर तारीफ़ हो रही है.

    दूसरे मैच में इस श्रीलंकाई बल्लेबाज़ ने दोनों पारियों में कुल 236 रन बनाए. वहीं उन्होंने 426 गेंदें खेलकर मैच को बचा लिया.

    उनके इस शानदार बल्लेबाज़ी के बाद भारतीय कोच गौतम गंभीर ने भी उन्हें बधाई दी.

    वहीं भारत के पूर्व बल्लेबाज़ संजय मांजरेकर ने उनकी तारीफ़ करते हुए लिखा, "मैच न जीत पाने के लिए कोई भी भारत पर उंगली नहीं उठा सकता. उन सभी उंगलियों को एक साथ लाइए और श्रीलंकाई के खास खिलाड़ी सोनल दिनुषा के लिए तालियां बजाइए."

    वहीं बीसीसीआई के उपाध्यक्ष राजीव शुक्ला ने भी इस खिलाड़ी की तारीफ़ की, उन्होंने एक्स पर लिखा, "श्रीलंका का यह खिलाड़ी कमाल का है. यह तेंदुलकर जैसा दिखता है. इंटरनेशनल क्रिकेट में यह एक बेहतरीन टेस्ट खिलाड़ी बन सकता है."

    26 साल के दिनुषा ने श्रीलंका के लिए 2024 में अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में डेब्यू किया. उन्हें श्रीलंका के उभरते हुए प्रतिभाशाली ऑलराउंडरों में गिना जाता है.

    दूसरे मैच में भारत ने पहली पारी में नौ विकेट के नुक़सान पर 503 रन बनाकर पारी घोषित की, जबकि श्रीलंका की पहली पारी 290 रन पर सिमट गई. इसके बाद भारत ने फॉलोऑन दिया.

    दूसरी पारी में श्रीलंका ने शानदार वापसी करते हुए 9 विकेट के नुक़सान 429 रन बनाए और भारत को जीत से रोक दिया.

    हालांकि भारत ने इस 2 मैचों वाली सिरीज़ को 1-0 से अपने नाम कर लिया है.

  15. नेपाल में बाढ़ के बाद यूपी के महराजगंज और कुशीनगर में मिले शव, गौरव गुलमोहर, बीबीसी हिन्दी के लिए

    गंडक नदी

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    इमेज कैप्शन, सशस्त्र सीमा बल (एसएसबी) की बचाव टीम ने नदी में निगरानी के दौरान शवों को बहते हुए देखा

    नेपाल में बाढ़ का असर अब भारत के सीमावर्ती इलाक़ों में भी दिखने लगा है. उत्तर प्रदेश के महराजगंज में गंडक (नारायणी) नदी से चार शव और कुशीनगर में तीन शव बरामद किए गए हैं.

    अधिकारियों के मुताबिक़, इनमें पांच महिलाएं और दो पुरुष हैं. आशंका है कि ये शव नेपाल में आई भीषण बाढ़ के दौरान नदी में बह गए और तेज़ बहाव के साथ भारत की तरफ़ आ गए.

    सशस्त्र सीमा बल (एसएसबी) की बचाव टीम ने नदी में निगरानी के दौरान शवों को बहते हुए देखा.

    टीम ने मोटरबोट की मदद से इन्हें नदी से बाहर निकाला और महराजगंज और कुशीनगर जिला मुख्यालय को भेज दिया है. अभी तक शवों की पहचान नहीं हो सकी है.

    निचलौल तहसील के उपजिलाधिकारी सिद्धार्थ गुप्ता ने बीबीसी हिन्दी से बताया, "गुरुवार की दोपहर में चार शव गंडक नदी से बरामद हुए हैं. जिसमें तीन महिलाएं और एक पुरुष हैं. बहुत संभावना है कि शव अपस्ट्रीम यानी नेपाल से बहकर आये हैं."

    उन्होंने बताया, "अभी तक शवों की पहचान नहीं हो सकी है. हम लगातार नेपाल एडमिनिस्ट्रेशन के सम्पर्क में हैं. नदी के किनारे एसडीआरएफ़, आरआरटी और एसएसबी की टीमें लगातार निगरानी कर रही हैं."

    एसएसबी, महराजगंज और कुशीनगर ज़िला प्रशासन नेपाल के संबंधित अधिकाोरियों के संपर्क में हैं, ताकि मृतकों की पहचान और उनके परिजनों का पता लगाया जा सके.

    कुशीनगर अपर पुलिस अधीक्षक सिद्धार्थ वर्मा ने बीबीसी हिन्दी को बताया, "कुशीनगर में तीन शव बरामद हुए हैं. जिनमें दो महिला और एक पुरुष हैं. तीनों शवों को फ्रीजर में संरक्षित किया गया है. पहचान करने की प्रक्रिया चल रही है."

    नेपाल में भारी बारिश और बाढ़ के बाद गंडक नदी का बहाव तेज़ है. अधिकारियों ने आशंका जताई है कि आने वाले समय में और शव भारत की ओर बहकर आ सकते हैं.

    महराजगंज और कुशीनगर प्रशासन ने नदी के किनारे रहने वाले लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है.

  16. ब्रेकिंग न्यूज़, नेपाल में बाढ़ से मरने वालों की संख्या 469 पहुंची

    नेपाल

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    इमेज कैप्शन, बुधवार को नेपाल के नुवाकोट ज़िले के त्रिशूली में अचानक आई बाढ़ और मिट्टी धंसने की घटना के बाद, भारी मशीनरी की मदद से एक बुज़ुर्ग सर्वाइवर को सुरक्षित जगह पर पहुंचाया गया

    नेपाल में बुधवार को आई बाढ़ में मरने वालों की संख्या बढ़कर 469 हो गई है. नेपाल पुलिस ने शुक्रवार को ये जानकारी दी.

    वहीं चीन की सरकारी समाचार एजेंसी शिन्हुआ ने बताया है कि तिब्बत में बाढ़ के कारण फंसे 555 पर्यटकों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया है.

    इस बीच, भारत, ऑस्ट्रेलिया और अमेरिका ने कहा है कि इस आपदा के बाद उनके कुछ नागरिक लापता हैं. ऐसे में यह भी पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि लापता लोगों में से कोई तिब्बत की तरफ तो नहीं फंसा हुआ है.

    नेपाल-तिब्बत सीमा पर बाढ़ और भूस्खलन के चलते हालात लगातार चुनौतीपूर्ण बने हुए हैं और राहत-बचाव अभियान जारी है.

    नेपाल में आई बाढ़ के बाद की कुछ तस्वीरें-

    नेपाल फ़्लड

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    इमेज कैप्शन, बुधवार को नेपाल के नुवाकोट ज़िले में त्रिशूली नदी के किनारे अचानक आई बाढ़ से हुई तबाही को देखता एक लड़का
    नेपाल

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    इमेज कैप्शन, शुक्रवार को नेपाल के नुवाकोट ज़िले के त्रिशूली में अचानक आई बाढ़ के बाद लोग अपने घरों के आस-पास का मलबा हटाने की कोशिश कर रहे हैं
    नेपाल बाढ़

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    इमेज कैप्शन, 27 अगस्त को नेपाल-तिब्बत सीमा के पास अचानक आई बाढ़ और मिट्टी धंसने की घटना के बाद नेपाली सेना के जवान एक सर्वाइवर को स्ट्रेचर पर ले जाते हुए दिख रहे हैं
  17. नेपाल-तिब्बत सीमा पर फिर बढ़ा बाढ़ का ख़तरा, ये है वजह

    बाढ़ प्रभावित नेपाल-तिब्बत

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    नेपाल-तिब्बत सीमा पर बाढ़ का ख़तरा अभी टला नहीं है. फ्लैश फ़्लड के बाद बनी एक झील से बाढ़ खतरा बढ़ गया है. इससे राहत और बचाव अभियान और मुश्किल हो सकता है.

    न्यूज़ एजेंसी एएफ़पी के अनुसार, चीन की सरकारी समाचार एजेंसी शिन्हुआ ने कहा है कि अचानक आई बाढ़ के बाद बनी एक झील के "टूटने और उसका पानी नीचे की ओर बहने का ख़तरा" बना हुआ है.

    मौसम विभाग के अनुमान के मुताबिक़, अगले तीन दिनों में लगातार बारिश की वजह झील में करीब 30 लाख घन मीटर पानी जमा हो सकता है. यह मात्रा करीब 1,200 ओलंपिक आकार के स्विमिंग पूल के बराबर है.

    चीनी सरकारी मीडिया ने चेतावनी दी है कि अगर झील का पानी अचानक बाहर निकलता है, तो इससे नीचे की तरफ स्थित इलाक़ों में भारी नुक़सान हो सकता है. इनमें जिरोंग पोर्ट और आसपास के अन्य इलाक़े शामिल हैं.

    नेपाल में बुधवार को अचानक आई बाढ़ के बाद 900 से ज़्यादा लोग लापता हैं और कम से कम 389 लोगों की मौत हो चुकी है.

    तिब्बत में तीन लोगों की मौत हुई है और 550 से ज़्यादा लोग लापता हैं. यह साफ़ नहीं है कि ताज़ा आंकड़ों में ये संख्याएं एक-दूसरे से जुड़ी हुई हैं या नहीं.

  18. मोहसिन रेज़ाई का दावा- ट्रंप के बेटे की हत्या की 'धमकी' 'नेतन्याहू की साजिश'

    मोहसिन रेज़ाई

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    इमेज कैप्शन, मोहसिन रेज़ाई ने कहा कि नेतन्याहू ने ईरान की ओर से ट्रंप की हत्या की कथित योजना से जुड़ी "झूठी ख़बरें" फैलाकर अमेरिकी राष्ट्रपति में डर पैदा किया और उनके फ लेने की क्षमता को प्रभावित किया (फ़ाइल फ़ोटो)

    ईरान की सुप्रीम नेशनल सिक्योरिटी काउंसिल के सचिव मोहसिन रेज़ाई ने दावा किया है कि डोनाल्ड ट्रंप की हत्या की कथित ईरानी साजिश और उनके छोटे बेटे को जान से मारने की धमकी की ख़बरें इसराइल के प्रधानमंत्री बिन्यामिन नेतन्याहू की "साजिश" हैं.

    अरब न्यूज़ चैनल अल-मनार से बातचीत में रेज़ाई ने कहा कि नेतन्याहू इन ख़बरों के ज़रिए अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को डराना चाहते हैं, ताकि अमेरिका को ईरान के ख़िलाफ़ युद्ध में शामिल किया जा सके.

    रेज़ाई ने कहा कि नेतन्याहू ने ईरान की ओर से ट्रंप की हत्या की कथित योजना से जुड़ी "झूठी ख़बरें" फैलाकर अमेरिकी राष्ट्रपति में डर पैदा किया और उनके फ़ैसले लेने की क्षमता को प्रभावित किया.

    उन्होंने कहा, "इन ख़बरों के डर से ट्रंप तुर्की की यात्रा के दौरान एक मजदूर की तरह खाने की सप्लाई करने वाली गाड़ी में सफर करते नज़र आए."

    रेज़ाई ने आगे कहा, "अगर हम कोई फ़ैसला लेते हैं तो उसे लागू करने से हमें कोई नहीं रोक सकता. लेकिन ये खबरें सिर्फ नेतन्याहू की बकवास हैं."

    न्यूज़ एजेंसी समेत ईरानी मीडिया ने अल-मनार के साथ रेज़ाई की बातचीत के कुछ हिस्से प्रकाशित किए हैं.

    हालांकि, ट्रंप की हत्या या उनके बेटे को निशाना बनाने की कथित धमकी को लेकर रेज़ाई ने अपने दावे के समर्थन में कोई सार्वजनिक सबूत पेश नहीं किया.

  19. नेपाल की बाढ़ में 90 अमेरिकी लापता, राष्ट्रपति ट्रंप ने क्या कहा

    डोनाल्ड ट्रंप

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    इमेज कैप्शन, अमेरिकी विदेश विभाग ने बताया है कि नेपाल में आई बाढ़ के बाद करीब 90 अमेरिकी नागरिकों के लापता होने की ख़बर है (फ़ाइल फ़ोटो)

    अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने गुरुवार को कहा कि नेपाल के रसुवा ज़िले में आई बाढ़ के बाद अमेरिका ने नेपाल को हर संभव मदद देने की पेशकश की है.

    एक कार्यकारी आदेश पर हस्ताक्षर करने के दौरान पत्रकारों से बात करते हुए ट्रंप ने कहा कि अमेरिका ने नेपाल की लीडरशिप से संपर्क किया है और ज़रूरत के मुताबिक हर तरह की सहायता देने की बात कही है.

    उन्होंने इस तबाही को बेहद भयावह बताते हुए कहा कि पहले कभी ऐसा कुछ नहीं देखा.

    ट्रंप ने कहा, "हमने नेपाल से बात की है और उन्हें हर तरह की मदद की पेशकश की है. नेपाल के साथ हमारे बहुत अच्छे संबंध हैं. वहां जो हुआ, वह बेहद भयानक था. यह सिर्फ़ पानी नहीं था, बल्कि पानी और कीचड़ का ऐसा ख़तरनाक मिश्रण था, जिसे शायद किसी ने पहले कभी नहीं देखा. मज़बूत और अच्छी तरह से बने भवन भी ऐसे बह गए, जैसे वे माचिस की तीलियां हों."

    उन्होंने आगे कहा कि यह बहुत दुखद घटना है और अमेरिका मदद भेज रहा है.

    ट्रंप ने कहा, "हमने वहां की लीडरशिप से बात की है और उन्हें बता दिया है कि उन्हें जिस भी तरह की मदद चाहिए, हम उपलब्ध कराने के लिए तैयार हैं."

    ट्रंप ने यह भी बताया कि प्रभावित इलाकों में बड़ी संख्या में अमेरिकी नागरिक मौजूद थे और अभी तक सभी प्रभावित लोगों की पूरी सूची अमेरिका को नहीं मिली है.

    अमेरिकी विदेश विभाग ने मुताबिक, नेपाल में आई बाढ़ की वजह से करीब 90 अमेरिकी नागरिक प्रभावित हुए हैं.

    नेपाल पुलिस के मुताबिक़, देश में बाढ़ से मरने वालों की संख्या 389 हो गई है.

    नेपाल के प्रधानमंत्री बालेन शाह ने बताया है कि बचावकर्मियों ने अब तक क़रीब 600 लोगों को सुरक्षित बचाया है.

    नेपाल पर्यटन बोर्ड ने बताया है कि बाढ़ के बाद 31 देशों के 540 विदेशी नागरिक लापता हैं.

    इस क्षेत्र में पर्यटकों के रूप में आने वालों में सबसे अधिक संख्या भारत से है, जिनकी तादाद 178 है.

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